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छट्टी मना रहे कर्मचारी व अधिकारी, परीक्षा चल रही एक साल लेट
उज्जैन :- विक्रम विश्वविद्यालय का परीक्षा चक्र पटरी पर आने का नाम नहीं ले रहा है। स्थिति यह है कि विवि प्रशासन शोध और प्रोफेशनल परीक्षा को समय पर अंजाम नहीं दे पा रहा है। एमफिल, पीएचडी कोर्स वर्क सहित अन्य परीक्षा का एक सेमेस्टर एक वर्ष में पूरा हो रहा है। इधर, नए प्रकरण पर नजर डालें तो सत्र 2014 और 2015 की एमफिल की परीक्षा समय से एक वर्ष लेट चल रही है। विवि प्रशासन ने फरवरी से परीक्षा की तैयारी शुरू की तो इसी दौरान एमफिल टेबल इंचार्ज एक प्रकरण में निलंबित हो गए। इसके बाद परीक्षा फिर छह माह लेट हो गई। विवि अभी तक एमफिल का कार्यक्रम घोषित नहीं कर पाया है।
परीक्षा की तैयारी कराने वाले लोग छुट्टी पर
विवि के गोपनीय विभाग की हालात इन दिनों काफी खराब है। छोटी-छोटी बातों पर निलंबन और तबादले का असर काम पर दिखाई दिया है। साथ ही अब कर्मचारी लंबी छुट्टी पर भी ज्यादा जा रहे हैं। वर्तमान में सभी परीक्षा सम्पन्न हुई है और रिजल्ट घोषित करने का दबाव है। एेसे में स्ट्रांग रूम में पदस्थ जिम्मेदारों में एक ही व्यक्ति काम पर है। वहीं विभाग की उपकुलसचिव भी एक माह की छुट्टी पर है। एेसे में परीक्षा की तैयारी का काम पूरी तरह प्रभावित हो रहा है।
रिजल्ट बिगड़ा, विद्यार्थियों का हंगामा
बीएससी छठवें सेमेस्टर का रिजल्ट विवि प्रशासन घोषित किया। उक्त परीक्षा में रतलाम के कॉलेज में अधिकांश विद्यार्थी फिजिक्स विषय में फेल हो गए। यह सभी विद्यार्थी एनएसयूआई के पदाधिकारियों के साथ विवि पहुंचे। यहां पर अधिकारियों ने किसी भी बात को सुनने से इनकार कर दिया। इसके बाद विद्यार्थियों ने परीक्षा विभाग में ही नारेबाजी शुरू कर दी। इधर, एक एनएसयूआई कार्यकर्ता बिना आवेदन फॉर्म भरने माइग्रेशन बनवाने पहुंच गया। माइग्रेशन फॉर्म पूछताछ कार्यालय में जमा होते हैं, लेकिन वह सीधे फॉर्म जमा करना चाहता था। साथ ही आवेदन फॉर्म नहीं था। इस बात को लेकर कार्यकर्ता महिला कर्मचारी से भिड़ गया।